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स्कीमॉस और इंटेन्सेस 

डाटाबेस का वर्णन डाटाबेस स्कीमा कहलाता है, जो डाटाबेस डिजाइन के दौरान निर्धारित किया जाता है, और जिसके अधिक आवृति से बदलने की आशंका नहीं होती। डिस्प्ले किये गये स्कीमा को स्कीमा डिजाइन कहा जाता है। एक स्कीमा चित्र स्कीमा के केवल कुछ ही पहलुओं को दर्शाता है जैसे रिकॉर्ड टाइप्स के नाम, डाटा आइटम्स, और कन्सट्रैन्ट्स के कुछ प्रकार। डाटाबेस का वास्तविक डाटा अधिक आवृत्ति से बदलता है – क्योंकि हमें हर समय नये रिकॉर्ड की आवश्यकता होती है। डाटाबेस में एक विशिष्ट समय बिन्दु पर रखे डाटा को डाटाबेस में इन्सटेन्स कहा जाता है। इसे डाटाबेस स्टेट या स्नैपशॉट भी कहा जाता है। हर समय जब हम रिकॉर्ड को इन्सर्ट या डिलिट करते हैं या रिकॉर्ड में डाटा आईटम की वेल्यू को बदलते हैं तो डाटाबेस की एक स्टेट को दूसरी स्टेट में बदलते हैं, जिसे डाटाबेस स्टेट कहते हैं।
स्वतंत्रता(independence)
नॉन-डीबीएमएस सिस्टम पर लागू किए गए एप्लीकेशन्स डाटा आश्रित होते हैं अर्थात् वह तरीका जिससे सेकेण्डरी स्टोरेज पर संगठित किया जाता है, और उसे एक्सेस करने की तकनीक, दोनों ही बातें विचाराधीन एप्लीकेशन की आवश्यकताओं द्वारा वर्णित की जाती है। डाटा संगठन और वह एक्सेस तकनीक, एप्लीकेशन तर्क और कोड में बनाई जाती है। स्टोरेज स्ट्रक्चर या एक्सेस तकनीक को एप्लीकेशन को प्रभावित किए बिना परिवर्तित करना असंभव है। परन्तु डाटा स्वतंत्रता दो कारणों से महत्वपूर्ण है-
1) अलग -अलग एप्लीकेशन को एक ही डाटा के अलग -अलग व्यू की आवश्यकता होगी, जिसके लिए संगठन डाटाबेस की रचना करता है।
2) डीबीए को बदलती आवश्यकताओं को ध्यान में रखतचे हुए स्टोरेज स्ट्रक्चर या एक्सेस तकनीक को परिवर्तित करने की स्वतंत्रता होनी चाहिए।
डाटा स्वतंत्रता के प्रकार

(अ)तर्कसंगत डाटा स्वतंत्रता
तर्कसंगत डाटा स्वतंत्रता, बाहरी स्कीमा और एप्लीकेशन प्रोग्राम को परिवर्तित किए बिना ही, आन्तरिक स्कीमा को परिवर्तित करने की क्षमता – को कहते हैं। कॉन्सेप्चुअल स्कीमा को, रिकॉर्ड या डाटा आईटम को हटाने अथवा डाटाबेस का विस्तार करने के लिए, परिवर्तित किया जाता है-परन्तु एडीशन और डिलीशन बाहरी न्यू पर कोई प्रभाव नहीं डालता।
(ब)भौतिक डाटा स्वतंत्रता
भौतिक डाटा स्वतंत्रता, कॉन्सेप्चुअल अथवा बाहरी स्कीमा में, कोई भी परिवर्तन किए बिना, आन्तरिक स्कीमा को परिवर्तित करने की क्षमता – को कहते हैं। आन्तरिक स्कीमा में परिवर्तन इसलिए आवश्यक होते हैं क्योंकि कुछ भौतिक फाईलों को पुनर्गठित किया जाना होता है। इसलिए, डाटा स्वतंत्रता में, जब स्कीमा किसी स्तर पर परिवर्तित की जाती है, तो अगले उच्च स्तर की स्कीमा अपरिवर्तित रहती है, केवल दो स्तरों के मध्य की मैपिंग परिवर्तित होती है। इसलिए उच्च स्तर स्कीमा को रिफर करने वाले एप्लीकेशन्स प्रोग्राम्स को परिवर्तित करने की आवश्यकता नहीं होती है।

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